पाली में डेंगू-मलेरिया के खिलाफ स्वास्थ्य विभाग का बड़ा अभियान, दूसरे दिन घर-घर पहुंचीं मेडिकल टीमें

पाली : बरसात के मौसम में डेंगू, मलेरिया और अन्य मच्छरजनित बीमारियों के बढ़ते खतरे को देखते हुए चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग ने पाली शहर में चल रहे तीन दिवसीय सघन एंटी-लार्वा एवं घर-घर सर्वे अभियान को दूसरे दिन भी पूरी सक्रियता के साथ जारी रखा। स्वास्थ्य विभाग की टीमें शहर के विभिन्न वार्डों और मोहल्लों में घर-घर पहुंचीं, जहां बुखार और अन्य मौसमी बीमारियों से पीड़ित लोगों की पहचान करने के साथ-साथ मच्छरों के प्रजनन स्थलों को नष्ट करने की कार्रवाई की गई।
सीएमएचओ डॉ. विकास मारवाल ने बताया कि जिला कलेक्टर डॉ. रविन्द्र गोस्वामी के निर्देशानुसार संचालित यह विशेष अभियान 5 अगस्त तक जारी रहेगा। अभियान का उद्देश्य डेंगू, मलेरिया, चिकनगुनिया सहित अन्य मौसमी बीमारियों की रोकथाम, संभावित मरीजों की समय पर पहचान और उपचार सुनिश्चित करना है।

डिप्टी सीएमएचओ डॉ. वेदांत गर्ग ने बताया कि दूसरे दिन चिकित्सा दलों ने शहर के अनेक वार्डों में पानी की टंकियों, कूलरों, ड्रमों, गमलों, छतों पर रखे पात्रों तथा अन्य जलभराव वाले स्थानों का गहन निरीक्षण किया। जहां भी मच्छरों के लार्वा मिले, वहां तत्काल सोर्स रिडक्शन, टेमीफॉस का छिड़काव तथा आवश्यकता अनुसार ऑयल बॉल का उपयोग कर लार्वा नष्ट किया गया।
स्वास्थ्य कर्मियों ने नागरिकों को कूलर, पानी की टंकियां और अन्य जल पात्र नियमित रूप से साफ रखने तथा घरों के आसपास पानी जमा नहीं होने देने की सलाह भी दी।
सर्वे अभियान के दौरान चिकित्सा टीमों ने घर-घर जाकर बुखार, दस्त, सर्दी, खांसी और अन्य मौसमी बीमारियों से पीड़ित लोगों की पहचान की। जरूरतमंद मरीजों को प्राथमिक चिकित्सा संबंधी परामर्श देने के साथ आवश्यक दवाइयों की किट भी उपलब्ध कराई गई।
इसके अलावा प्रत्येक घर में स्वच्छता, मच्छर नियंत्रण और मौसमी बीमारियों से बचाव संबंधी लीफलेट एवं पंपलेट वितरित कर लोगों को जागरूक किया गया।

अभियान के दौरान जिन घरों में बुखार के मरीज मिले, उनकी मलेरिया स्लाइड जांच के लिए नमूने लिए गए। वहीं संदिग्ध डेंगू और मलेरिया रोगियों को आवश्यकता के अनुसार निकटतम सरकारी चिकित्सा संस्थान में रेफर किया गया।
विभाग ने सभी चिकित्सा टीमों को निर्देश दिए हैं कि किसी भी गंभीर या हाई-रिस्क मरीज को तुरंत रेफरल परिवहन सेवा के माध्यम से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र या जिला अस्पताल पहुंचाया जाए, ताकि उपचार में किसी प्रकार की देरी न हो।
सीएमएचओ डॉ. विकास मारवाल ने बताया कि अभियान के दौरान की जा रही सभी गतिविधियों की ODK मरुधरा ऐप पर ऑनलाइन रिपोर्टिंग की जा रही है। प्रत्येक टीम प्रतिदिन किए गए सर्वे, एंटी-लार्वा गतिविधियों और स्वास्थ्य सेवाओं का डेटा अपलोड कर रही है, जिसकी विभाग स्तर पर लगातार समीक्षा की जा रही है।

उन्होंने आमजन से अपील की कि वे चिकित्सा टीमों का सहयोग करें, घरों और आसपास स्वच्छता बनाए रखें तथा कहीं भी पानी जमा न होने दें। उन्होंने कहा कि डेंगू और मलेरिया जैसी बीमारियों की रोकथाम में जनभागीदारी सबसे प्रभावी हथियार है, इसलिए छोटी-छोटी सावधानियां अपनाकर इन बीमारियों से बचा जा सकता है।
स्वास्थ्य विभाग का यह विशेष अभियान 5 अगस्त तक जारी रहेगा और शहर के सभी चिन्हित क्षेत्रों में घर-घर सर्वे, एंटी-लार्वा गतिविधियां तथा जनजागरूकता कार्यक्रम निरंतर संचालित किए जाएंगे।



