
पाली : कार्तिक शुक्लपक्ष नवमी के पावन अवसर पर शुक्रवार को श्री मैढ़ क्षत्रिय स्वर्णकार समाज द्वारा नाइयों की ढाल स्थित श्री सती माता भवन में वार्षिक अन्नकूट महोत्सव 2025 का भव्य आयोजन किया गया। समाज भवन भक्ति, श्रद्धा और परंपरागत उत्साह से सराबोर नजर आया।
समाज विकास समिति के अध्यक्ष देवीलाल अडाणिया ने बताया कि अन्नकूट महोत्सव में श्री सती माताजी, समाज के आदिपुरुष श्री अजमीढ़ महाराज और खाटू श्याम भगवान को समर्पित 56 भोग की आकर्षक झांकी सजाई गई। झांकी में विभिन्न प्रकार की मिठाइयाँ, नमकीन, फल-फ्रूट और विशेष व्यंजन शामिल थे। श्रद्धालुओं ने झांकी के दर्शन कर आत्मिक शांति और आध्यात्मिक आनंद का अनुभव किया।
नवयुवक मंडल अध्यक्ष रविन्द्र सोनी (रोड़ा) ने बताया कि शाम सवा आठ बजे शुरू हुई महाआरती में सैकड़ों समाजबंधुओं ने भाग लिया। आरती के उपरांत कदमपाक प्रसाद के रूप में पारंपरिक अन्नकूट का भोग लगाया गया। पूरे परिसर में “जय सती माताजी”, “श्री अजमीढ़ महाराज की जय” और “खाटू श्याम की जय” के जयघोष गूंजते रहे। नवयुवक मंडल महामंत्री ढगलचंद कड़ेल ने बताया कि इस वर्ष अन्नकूट का प्रसाद गोपीनाथजी मंदिर के पुजारी पुरुषोत्तम महाराज की विशेष देखरेख और वैदिक विधि-विधान से तैयार किया गया।
कोषाध्यक्ष किशोर खजवानिया ने बताया कि आयोजन की तैयारियों में संरक्षक बाबूलाल मौसूण, विकास समिति महामंत्री महेश भामा, उपाध्यक्ष हरीश अडाणिया, योगेश भामा, दिनेश मौसूण, मनीष माहेच, राजू सुरंडीया सहित बड़ी संख्या में समाजबंधुओं ने तन-मन-धन से योगदान दिया।
पूरे आयोजन की व्यवस्था नवयुवक मंडल और महिला मंडल ने मिलकर की। कार्यक्रम के समापन पर सभी श्रद्धालुओं ने सामूहिक रूप से प्रसाद ग्रहण किया। भव्य अन्नकूट महोत्सव में पाली शहर और आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया और समाज में एकता, सहयोग और समरसता का संदेश दिया।



