पाली : कर्मयोगी संगठन का प्रदर्शन, भागकर शादी पर सख्त कानून की मांग—सीएम के नाम ज्ञापन सौंपा

पाली : कर्मयोगी संगठन के संस्थापक एवं अध्यक्ष गजेन्द्र सिंह मण्डली के नेतृत्व में बुधवार को संगठन के पदाधिकारी और कार्यकर्ता पाली जिला कलेक्टर कार्यालय पहुंचे और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नाम एक ज्ञापन सौंपकर भागकर शादी करने से जुड़े मामलों में अभिभावक की सहमति को कानूनन अनिवार्य करने की मांग उठाई।
जिला प्रवक्ता प्रबल सिंह मण्डली ने बताया कि कार्यकर्ता हाथों में पैम्फलेट लेकर कलेक्टर कार्यालय पहुंचे, जहां परिसर “मजबूर बाप की पीड़ा को समझो राजस्थान सरकार” जैसे नारों से गूंज उठा।

गजेन्द्र सिंह मण्डली ने ज्ञापन में उल्लेख किया कि आजादी के नाम पर लड़कियों द्वारा बिना अभिभावक की सहमति अपरिचित युवकों के साथ घर से भागने की घटनाएं बढ़ रही हैं, जिसके कारण माता-पिता को गहरी मानसिक, सामाजिक और आर्थिक पीड़ा झेलनी पड़ती है, कई परिवार अवसाद में चले जाते हैं और चरम कदम उठाने की नौबत तक आ जाती है।
भागकर शादी करने की स्थिति में माता-पिता की सहमति कानूनन अनिवार्य की जाए।
यदि कोई युवक नाबालिग या 18 वर्ष के आसपास की लड़की को बहला-फुसलाकर भगा ले जाए, तो लड़की की परवरिश पर हुआ वर्षों का खर्च उस युवक से वसूला जाए। पदाधिकारियों ने चेतावनी दी कि यदि सरकार इस गंभीर सामाजिक समस्या पर शीघ्र ठोस कानून नहीं लाती है, तो संगठन व्यापक जनआंदोलन शुरू करेगा।

इन पदाधिकारियों की मौजूदगी रही महत्वपूर्ण
प्रबल सिंह मण्डली, ताड़केश्वर शुक्ला, अचलाराम लोहार, प्रभुलाल मेवाड़ा, प्रेम कुमार प्रजापत, भागिरथ साहु, ओमप्रकाश दुदवड़, नैनाराम, हरीश प्रजापत, प्रकाश नायक, लच्छाराम परमार, रमेश प्रजापत, राजू राणा सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।



