बांडी नदी बचाने को प्रशासन सख्त, औद्योगिक क्षेत्र में खुदाई कर पकड़ी संदिग्ध पाइपलाइन

पाली : फैक्ट्रियों से निकल रहे केमिकलयुक्त पानी से बांडी नदी को हो रहे प्रदूषण को लेकर जिला प्रशासन अब पूरी तरह सख्त नजर आ रहा है। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर शुक्रवार को नगर निगम एवं राजस्थान प्रदूषण नियंत्रण मंडल की संयुक्त टीम ने पाली के फेज-एक और फेज-दो औद्योगिक क्षेत्र में औचक कार्रवाई की।
कार्रवाई के दौरान एक फैक्ट्री के समीप जेसीबी से खुदाई कराई गई, जहां जमीन के नीचे एक पुरानी और संदिग्ध पाइपलाइन सामने आई। इस संबंध में प्रदूषण नियंत्रण मंडल के क्षेत्रीय अधिकारी अमित सोनी ने बताया कि प्रारंभिक जांच में यह पाइपलाइन फैक्ट्री से जुड़ी हुई नहीं पाई गई है और यह काफी पुरानी प्रतीत हो रही है। पाइपलाइन किसने और किस उद्देश्य से बिछाई, इसे लेकर विस्तृत जांच जारी है।

उल्लेखनीय है कि इससे दो दिन पूर्व भी नगर निगम और प्रदूषण नियंत्रण मंडल की टीम ने पूनायता औद्योगिक क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई करते हुए एक मकान से बांडी नदी तक बिछाई गई करीब 100 फीट लंबी पाइपलाइन को पकड़ा था। उस मामले में टीम ने पाइपलाइन को हटाने के साथ-साथ संबंधित मकान को सीज करने की सख्त कार्रवाई की थी।
प्रशासन का साफ संदेश है कि बांडी नदी को प्रदूषित करने वालों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति के तहत कार्रवाई जारी रहेगी और दोषियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। जिला प्रशासन, नगर निगम एवं प्रदूषण नियंत्रण मंडल लगातार निगरानी रखते हुए अवैध डिस्चार्ज पर कड़ी नजर बनाए हुए हैं।



