सिरोही में एयरपोर्ट और सुमेरपुर-पाली में हेलिपैड निर्माण पर मंथन, पर्यटन और व्यापार को मिलेगा बढ़ावा

पाली : प्रदेश में नागरिक उड्डयन सुविधाओं को सुदृढ़ करने और पर्यटन को प्रोत्साहित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तहत शुक्रवार को शासन सचिवालय में एक उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक में पशुपालन, डेयरी एवं देवस्थान विभाग के कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत और नागरिक उड्डयन विभाग के स्वतंत्र प्रभार राज्यमंत्री गौतम कुमार दक ने सिरोही में एयरपोर्ट तथा पाली और सुमेरपुर में हेलिपैड निर्माण की संभावनाओं पर गहन चर्चा की।
मंत्री जोराराम कुमावत ने बताया कि सुमेरपुर एक प्रमुख व्यापारिक उपखंड है, जहां करीब 50 हजार की आबादी के साथ मजबूत शैक्षणिक, चिकित्सा और कृषि मंडी की सुविधाएं हैं। यह क्षेत्र रेल सेवा से जुड़ा हुआ है और पास ही स्थित जवाई बांध व लेपर्ड सफारी के चलते पर्यटन की दृष्टि से भी अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने बताया कि यहां प्रस्तावित फिल्मसिटी के लिए 500 बीघा भूमि पहले ही आरक्षित की जा चुकी है, जिससे आने वाले वर्षों में विदेशी पर्यटकों की संख्या में और वृद्धि संभावित है। इसी कारण सुमेरपुर में हेलिपैड निर्माण को जरूरी बताया गया।
इसी तरह, सिरोही जिले की हवाई पट्टी को एयरपोर्ट में तब्दील करने की मांग पर जोर देते हुए मंत्री कुमावत ने कहा कि माउंट आबू, रणकपुर जैन मंदिर, सुंधा माता मंदिर सहित अनेक तीर्थ व पर्यटन स्थलों के लिए यह क्षेत्र महत्वपूर्ण केंद्र है। साथ ही, पाली, सिरोही और जालोर के हजारों प्रवासी व्यापारी देश-विदेश से अपने गृहक्षेत्र आते-जाते हैं, जिन्हें हवाई सुविधा के लिए 150 किलोमीटर दूर उदयपुर या जोधपुर जाना पड़ता है। ऐसे में सिरोही में एयरपोर्ट बनने से लाखों लोगों को सीधा लाभ मिलेगा।
कैबिनेट मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में प्रदेश सरकार धार्मिक पर्यटन और नागरिक उड्डयन को एक साथ जोड़ते हुए तीर्थ व पर्यटक स्थलों तक आसान और त्वरित हवाई सेवाएं पहुंचाने की दिशा में तेजी से कार्य कर रही है। भारत सरकार की ‘उड़ान योजना’ के तहत जिन जिलों में हवाई पट्टियाँ नहीं हैं, वहाँ हेलीपैड निर्माण पर भी योजना के अनुसार काम किया जा रहा है।
मंत्री कुमावत ने विश्वास जताया कि सिरोही और सुमेरपुर को हवाई नेटवर्क से जोड़ने पर न केवल क्षेत्रीय पर्यटन और व्यापार को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि इससे सरकार की राजस्व आय में भी उल्लेखनीय वृद्धि होगी।



