राजस्थान में 11 से 14 अप्रैल तक फुले-अंबेडकर जयंती महोत्सव, सीएम भजनलाल शर्मा रहेंगे मुख्य अतिथि

जयपुर : राजस्थान में महात्मा ज्योतिबा फुले एवं डॉ. भीमराव अंबेडकर जयंती को इस बार भव्य और व्यापक स्तर पर मनाया जाएगा। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री अविनाश गहलोत ने इसके लिए राज्यभर में चार दिवसीय कार्यक्रमों की रूपरेखा तय की है।
जयपुर स्थित अंबेडकर भवन में आयोजित बैठक में मंत्री गहलोत ने अनुसूचित जाति एवं जनजाति समाज के प्रबुद्धजनों और विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ चर्चा कर कार्यक्रम को वृहद स्वरूप देने के लिए सुझाव लिए।

मंत्री गहलोत ने बताया कि 11 से 14 अप्रैल तक आयोजित होने वाले इस विशेष आयोजन की शुरुआत 11 अप्रैल को महात्मा ज्योतिबा फुले जयंती से होगी। इस दिन प्रदेश के सभी जिला मुख्यालयों पर कलेक्टरों द्वारा फुले की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण किया जाएगा।
12 अप्रैल को डॉ. अंबेडकर के जीवन और भारतीय संविधान पर आधारित जागरूकता कार्यक्रम होंगे, जिसमें “संविधान को जानें” विषय पर ऑनलाइन क्विज प्रतियोगिता भी शुरू की जाएगी। 13 अप्रैल को छात्रावासों और आवासीय विद्यालयों में अंबेडकर के जीवन पर आधारित फिल्मों का प्रदर्शन तथा स्वच्छता अभियान आयोजित होंगे।

14 अप्रैल को डॉ. अंबेडकर जयंती पर राज्य स्तरीय मुख्य समारोह जयपुर के श्री भवानी निकेतन महाविद्यालय में आयोजित होगा, जिसमें मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की गरिमामयी उपस्थिति रहेगी। इस अवसर पर संविधान की प्रस्तावना का वाचन, शपथ ग्रहण, अंबेडकर पुरस्कार वितरण एवं प्रतिभावान छात्र-छात्राओं का सम्मान किया जाएगा।
मंत्री गहलोत ने कहा कि इन कार्यक्रमों का उद्देश्य नई पीढ़ी को भारतीय संविधान की महत्ता और डॉ. अंबेडकर के सामाजिक न्याय के विचारों से जोड़ना है। उन्होंने बताया कि आयोजन में उच्च शिक्षा, स्कूल शिक्षा, स्वायत्त शासन विभाग सहित कई विभागों और सामाजिक संगठनों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। बैठक में उच्च शिक्षा आयुक्त डॉ. ओमप्रकाश बैरवा सहित विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।



