पाली : ‘राजसखी मेला’ का सफल समापन, 6 दिन में 15 लाख से अधिक की बिक्री, ग्रामीण महिलाओं के उत्पादों को मिला जबरदस्त समर्थन

पाली : जिला प्रशासन एवं राजस्थान ग्रामीण आजीविका विकास परिषद (राजीविका) पाली के तत्वावधान में आयोजित ‘राजसखी मेला’ का शुक्रवार को उत्साहपूर्ण वातावरण में समापन हुआ। स्थानीय हस्तशिल्प और स्वयं सहायता समूहों द्वारा तैयार उत्पादों को प्रोत्साहन देने के उद्देश्य से आयोजित इस मेले ने शहरवासियों से अभूतपूर्व समर्थन प्राप्त किया।
समापन समारोह के दौरान कलाकारों ने रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से कार्यक्रम को जीवंत बना दिया। इस अवसर पर जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी मुकेश चौधरी, अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी महेंद्र मेहता सहित राजीविका के अधिकारी एवं कार्मिक उपस्थित रहे।

मेले की सफलता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि शुरुआती 6 दिनों में सभी स्टालों से कुल 15,09,710 रुपये की सामूहिक बिक्री दर्ज की गई। वहीं, 26 फरवरी को अकेले एक दिन में 4,59,413 रुपये की रिकॉर्ड बिक्री हुई, जो ग्रामीण महिलाओं द्वारा निर्मित उत्पादों की बढ़ती लोकप्रियता को दर्शाता है।
समापन दिवस पर मेले में विशेष उत्साह तब देखने को मिला जब रायपुर ब्लॉक से राजीविका समूह से जुड़ी बड़ी संख्या में महिलाएं यहां पहुंचीं। उन्होंने मेले की व्यवस्थाओं का अवलोकन किया, अन्य समूहों के उत्पादों से प्रेरणा ली और हस्तशिल्प, घरेलू उपयोग की वस्तुएं तथा जैविक खाद्य पदार्थों की जमकर खरीदारी कर स्टाल धारकों का उत्साह बढ़ाया।

यह मेला ग्रामीण महिला उद्यमियों के लिए सशक्त मंच साबित हुआ है। रिकॉर्ड बिक्री और महिलाओं की सक्रिय भागीदारी ने यह साबित कर दिया कि स्थानीय स्तर पर तैयार शुद्ध एवं हस्तनिर्मित उत्पादों की मांग तेजी से बढ़ रही है।



