जाडन आश्रम विवाद गहराया, संत फूलपुरी पर ट्रस्ट संपत्तियों हड़पने की साजिश का मामला दर्ज, पुलिस जांच शुरू

पाली : जिले के विश्व प्रसिद्ध जाडन आश्रम से जुड़ा विवाद एक बार फिर तूल पकड़ता नजर आ रहा है। आश्रम में रहने वाले संत फूलपुरी के खिलाफ शिवपुरा थाने में एक और गंभीर मामला दर्ज किया गया है, जिसमें ट्रस्ट की संपत्तियों पर कब्जा करने और प्रबंधन में हस्तक्षेप का आरोप लगाया गया है।
पुलिस के अनुसार, देसूरी थाना क्षेत्र के नीपल गांव निवासी 70 वर्षीय चंदनलाल गर्ग ने रिपोर्ट दर्ज कराई है। उन्होंने स्वयं को आश्रम के प्रमुख संत महेश्वरानंद का करीबी रिश्तेदार बताते हुए ट्रस्ट की गतिविधियों से जुड़े होने की बात कही है।
रिपोर्ट में आरोप लगाया गया है कि पिछले कुछ समय से स्वामी महेश्वरानंद का स्वास्थ्य कमजोर होने के कारण वे निर्णय लेने की स्थिति में नहीं हैं। इसी स्थिति का लाभ उठाकर संत फूलपुरी ने कथित रूप से सुनियोजित तरीके से ट्रस्ट प्रबंधन और संपत्तियों पर नियंत्रण स्थापित करने की साजिश रची।

शिकायत के अनुसार, जयपुर स्थित श्री विश्वगुरुदीप आश्रम में मार्च 2026 के दौरान यह मामला सामने आया, जब ट्रस्ट से जुड़े लोगों को नए ट्रस्टियों की सूची प्राप्त हुई। आरोप है कि संत फूलपुरी ने स्वामीजी के नाम का दुरुपयोग करते हुए कथित रूप से फर्जी दस्तावेज तैयार कर 3-4 नए ट्रस्टियों की नियुक्ति दिखा दी।
यह भी आरोप है कि पुराने दस्तावेजों पर संदिग्ध हस्ताक्षर कर उन्हें बैकडेट (23 अगस्त 2024) दिखाया गया, जबकि उस समय स्वामी महेश्वरानंद कथित रूप से मानसिक रूप से सक्षम नहीं थे। हस्ताक्षरों में अंतर होने के कारण दस्तावेजों को फर्जी और कूटरचित बताया गया है तथा उनकी एफएसएल जांच की मांग की गई है।
फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर पूरे प्रकरण की जांच शुरू कर दी है। मामले को लेकर आश्रम और उससे जुड़े ट्रस्टों में हलचल तेज हो गई है। जांच के बाद ही पूरे मामले का खुलासा हो सकेगा।



