पाली : जिले में ग्राम व शहरी सेवा शिविरों का भव्य शुभारंभ

पाली : राजस्थान राज्य सरकार के निर्देशानुसार एवं जिला कलक्टर एल.एन. मंत्री के मार्गदर्शन में जिले में आज से व्यापक ग्रामीण व शहरी सेवा शिविर अभियान की शुरुआत हुई। यह अभियान जिले के ग्राम पंचायत व नगर निगम क्षेत्रों में चलाया जा रहा है, जिसका उद्देश्य हर नागरिक को सरकारी योजनाओं व सेवाओं का लाभ एक ही स्थान पर सरलता से उपलब्ध कराना है। यह सेवा शिविर आज से प्रारंभ होकर 14 नवम्बर 2025 तक हर सप्ताह गुरूवार, शुक्रवार और शनिवार को आयोजित किए जाएंगे।

इस अभियान में कुल 16 विभागों से जुड़े 49 सेवाओं का समावेश किया गया है, जिसमें विभिन्न योजनाओं के आवेदन, पेंशन वितरण, भूमि स्वामित्व दस्तावेज वितरण, बीमा पॉलिसी वितरण, प्राथमिक चिकित्सा, खाद वितरण, राशन प्रमाण पत्र बनवाना, बिजली कनेक्शन से जुड़ी सुविधाएं आदि शामिल हैं।
विशेष निरीक्षण के तहत आज प्रभारी सचिव अनिल कुमार अग्रवाल (आयुक्त, विभागीय जांच जयपुर) ने नगर निगम पाली, नगरपालिका सोजतसिटी एवं ग्राम पंचायत भैसाणा में चल रहे शिविरों का निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों व कर्मचारियों को निर्देशित किया कि शिविर में प्राप्त होने वाले प्रत्येक आवेदन या परिवाद का निस्तारण उसी दिन सुनिश्चित किया जाए।

नगरपालिका सोजत परिसर में आयोजित शिविर में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत लाभार्थियों को राशि आवंटन हेतु बैंक पासबुक जारी किए गए। ग्राम पंचायत भैसाणा में स्वामित्व योजना के अंतर्गत 10 लाभार्थियों को तत्काल प्रॉपर्टी पार्सल एवं पट्टे प्रदान किए गए। इसके अतिरिक्त मुख्यमंत्री मंगला पशु बीमा योजना व राज्य सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के तहत लाभार्थियों को बीमा पॉलिसी व पेंशन पत्र वितरित किए गए।
विशेष ध्यान दिया गया कि दिव्यांगजनों के लिए विशेष काउंटर स्थापित किया गया और उनकी सभी आवश्यक सुविधाओं का निरीक्षण किया गया। प्रभारी सचिव ने समस्त विभागों को निर्देशित किया कि शिविर से पूर्व प्रभावी प्रचार-प्रसार किया जाए, ताकि अधिक से अधिक ग्रामीण एवं शहरी नागरिक इस सुविधा का लाभ उठा सकें।

अगले दिन, 18 सितम्बर को सेवा शिविर निम्नलिखित क्षेत्रों में आयोजित होंगे:डिंगाई, गुंदोज, रोहट के राणा व कुलथाना, सोजत की बिलावास, रूपावास, मारवाड़ जंक्शन के जाड़न व सिनला, देसूरी के दुदापुरा व देसूरी, रानी के रानी कलां व वरकाणा, बाली के शिवतलाव, लाटाड़ा, सुमेरपुर के गलथनी व पोमावा




