पाली : राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ 100 वर्ष शताब्दी वर्ष समारोह के लिए तैयार, विजयादशमी से भव्य कार्यक्रमों की शुरुआत

पाली : देश के सबसे बड़े सामाजिक संगठन राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ इस वर्ष अपनी 100वीं वर्षगांठ मनाने जा रहा है। इस अवसर पर 2 अक्टूबर से शताब्दी वर्ष के कार्यक्रमों की श्रृंखला आरंभ होगी, जिसमें पूरे जिले में विजयादशमी उत्सव इस वर्ष और भी भव्य रूप में मनाया जाएगा।
नगर की सभी 30 बस्तियों में पूर्ण गणवेश में पथ संचलन निकाला जाएगा। कार्यक्रम की तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं। प्रतिदिन शाखाओं पर अभ्यास हो रहा है और सभी स्वयंसेवकों को गणवेश में प्रशिक्षित किया जा रहा है।
जिला संघचालक नेमीचंद अखावत ने बताया कि संघ का उद्देश्य हिंदू समाज का पुनर्जागरण और उसे संगठित करना है। उन्होंने बताया कि शताब्दी वर्ष के दौरान स्वयंसेवक पंच परिवर्तन के महत्व पर जनजागरण करेंगे। इसमें शामिल हैं पर्यावरण संरक्षण, सामाजिक समानता, स्वावलंबन, कुटुंब प्रबोधन, नागरिक कर्तव्य

इसके अलावा, शताब्दी वर्ष में व्यापक गृह संपर्क अभियान, हिन्दू सम्मेलन, प्रबुद्ध नागरिक गोष्ठी और सामाजिक सद्भाव बैठकों का आयोजन किया जाएगा।
पूर्वाभ्यास के दौरान सोमनाथ मंदिर स्थित संघ कार्यालय से कौमुदी संचलन निकाला गया। रात के अंधेरे में मशालों, घोष और भगवा ध्वज के साथ यह पथ संचलन शहर के मुख्य मार्गों—भेरुघाट, गीता भवन, अम्बेडकर सर्कल, जनता कॉलोनी, शिवाजी सर्कल, बांगड़ कॉलेज, सूरजपोल—से होते हुए वापस संघ कार्यालय पहुंचा।
संचलन में स्वयंसेवकों ने हाथों में मशालें और घोष के साथ भगवा ध्वज में तिरंगे की थीम पर रोशनी का विशेष आयोजन किया, जिसे शहरवासियों ने उत्सुकता और कोतूहल से देखा।
अखावत ने बताया कि शहर में कई स्थानों पर घोष केंद्र स्थापित किए गए हैं, जहां स्वयंसेवकों को नियमित रूप से घोष वादन का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। शताब्दी वर्ष आयोजनों को लेकर सभी स्वयंसेवक पूरे जोश और उत्साह के साथ तैयार हैं।



