
पाली। बुधवार को अंतरराष्ट्रीय ई-वेस्ट दिवस 2025 के अवसर पर क्षेत्रीय कार्यालय, राजस्थान राज्य प्रदूषण नियंत्रण मण्डल पाली द्वारा सरस्वती विद्या मंदिर उच्च माध्यमिक विद्यालय में विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस वर्ष की थीम “ई-वेस्ट का पुनःचक्रण करे – यह महत्वपूर्ण है” के तहत कक्षा 6 से 8 के विद्यार्थियों के लिए चित्रकला प्रतियोगिता और कक्षा 9 से 12 के विद्यार्थियों के लिए ई-वेस्ट संबंधित प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में करीब 150 विद्यार्थियों ने भाग लिया। कक्षा 6 से 8 में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान क्रमशः दक्ष, करण सिंह और राहुल गोदारा को प्रदान किए गए। वहीं कक्षा 9 से 12 में अरमान खोखर, प्रतीक और श्रवण गोस्वामी को मेंमेंटो और पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।

प्रतियोगिता के दौरान मंडल के अधिकारियों ने विद्यार्थियों को ई-वेस्ट के निस्तारण और इसके पर्यावरणीय महत्व के बारे में जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के बढ़ते उपयोग के कारण ई-वेस्ट का सही तरीके से निस्तारण करना अत्यंत आवश्यक है। यदि इसका सही निस्तारण नहीं किया गया तो यह पर्यावरण और मानव स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा उत्पन्न कर सकता है।
कार्यक्रम में कनिष्ठ वैज्ञानिक अधिकारी प्रशांत लखावत, कनिष्ठ पर्यावरण अभियंता सुश्री इशरत जहान, युवा प्रशिक्षु समीप डोडियार और गौरव गुप्ता ने विद्यार्थियों और विद्यालय के अध्यापकों को कपड़े के थैले वितरित किए और ई-वेस्ट पुनःचक्रण की प्रक्रिया व इसके लाभों पर विस्तृत जानकारी दी।

विद्यालय के प्रधानाचार्य लादुराम सिरवी और अध्यापक मनीष, नितेश एवं प्रशांत ने कार्यक्रम में सक्रिय भूमिका निभाई और इसे सफल बनाया। इस आयोजन ने विद्यार्थियों में ई-वेस्ट के सही निस्तारण और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने का काम किया। कार्यक्रम के माध्यम से युवाओं में सामाजिक और पर्यावरणीय जिम्मेदारी के महत्व को उजागर किया गया।



