
पाली : 6-6 लाख रुपए में स्कॉर्पियो देने का झांसा देकर 250 से अधिक लोगों से 50 करोड़ रुपए से ज्यादा की ठगी करने वाले आरोपी प्रिंस सैनी उर्फ बंशीलाल (24) का कनेक्शन अब पाली शहर से भी जुड़ गया है।
SOG (स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप) की जांच में खुलासा हुआ है कि प्रिंस ने पाली में आयोजित धार्मिक आयोजन ‘एक शाम लखोटिया महादेव के नाम’ भजन संध्या में 11 लाख रुपए नकद दान किए थे और कार्यक्रम के दौरान आगे 11 लाख और देने की घोषणा भी की थी।
इसी मामले को लेकर SOG जयपुर ने लखोटिया महादेव मेला समिति के संस्थापक अध्यक्ष को नोटिस जारी किया है।
नोटिस में उन्हें 28 अक्टूबर 2025 को सुबह 10 बजे SOG के घाटगेट ऑफिस, जयपुर में तलब किया गया है ताकि उनसे प्रिंस सैनी के डोनेशन से जुड़े सवालों पर पूछताछ की जा सके।
SOG की प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि आरोपी प्रिंस सैनी ने जनता से ठगी कर जमा किए गए पैसों में से 22 लाख रुपए नकद लखोटिया महादेव समिति को दिए थे।
SOG ने कहा है कि संस्था के प्रतिनिधि पूछताछ के दौरान रुपयों के लेनदेन और दान की परिस्थितियों की पूरी जानकारी प्रस्तुत करें।
पाली, नागौर और अन्य जिलों में धार्मिक आयोजनों में ‘भामाशाह’ बनकर लाखों के डोनेशन देने वाला प्रिंस सैनी, असल में करोड़ों की ठगी का मास्टरमाइंड निकला।
24 वर्षीय प्रिंस सैनी ने 6 लाख में स्कॉर्पियो देने की स्कीम चलाकर 250 से अधिक निवेशकों से 50 करोड़ रुपए हड़पे।
उसकी स्कीम में कहा गया था कि “13 लाख की नई स्कॉर्पियो सिर्फ 6 लाख में मिलेगी।”
लोग झांसे में आ गए, मगर बाद में पता चला कि ये सब फर्जी था।
SOG की जांच में खुलासा हुआ कि 12वीं फेल प्रिंस सैनी ने 2017 से फर्जी कंपनियां खोलकर लोगों को ठगा। 2017: ट्रोनेक्स वर्ल्ड नाम से चिटफंड कंपनी बनाकर 54 लोगों से 12-12 हजार रुपए लेकर ₹6.48 लाख ठगे। 2022: ग्रो मोर एजुकेशन प्राइवेट लिमिटेड नाम से कंपनी बनाकर 2200 छात्रों से ऑनलाइन कोचिंग की आड़ में ₹66 लाख वसूले। बाद में हार्वेस्ट एआई टेक्नोलॉजी प्राइवेट लिमिटेड के नाम से नई स्कीम लॉन्च की, जिसमें 120% सालाना रिटर्न का वादा किया गया।
प्रिंस सोशल मीडिया पर फर्जी वीडियो, झूठे रिव्यू और ग्लैमरस पोस्ट डालकर निवेशकों को लुभाता था।
वह चार-चार बाउंसर और लग्जरी कारों के काफिले के साथ घूमता था, जिससे लोग उसे किसी बड़े बिजनेसमैन की तरह मानने लगे।
प्रिंस का दावा था कि उसने दुनिया की सबसे बेहतरीन सोशल मीडिया ऐप तैयार की है — जिसमें व्हाट्सएप, फेसबुक और इंस्टाग्राम के फीचर एक साथ होंगे। वह कहता था कि “चार बॉलीवुड स्टार मेरे ऐप को लॉन्च करेंगे” और अपनी शादी को भी “कंपनी प्रमोशन इवेंट” बनाने की बात करता था। लेकिन SOG की जांच में सामने आया कि यह सब फर्जी मार्केटिंग स्टंट था और उसके बैंक अकाउंट में सिर्फ 2.5 लाख रुपए ही बचे थे।
SOG अब उन सभी संस्थाओं और आयोजनों की जांच कर रही है जहां प्रिंस ने “भामाशाह” बनकर दान दिए थे।
पाली की लखोटिया महादेव समिति को भेजे गए नोटिस से यह स्पष्ट हो गया है कि
अब ठगी के पैसों से किए गए डोनेशन भी जांच के दायरे में आएंगे।



