
पाली : कार्तिक शुक्लपक्ष ग्यारस के पावन अवसर पर शनिवार को भगवान खाटू श्याम बाबा का जन्मोत्सव पाली शहर में बड़े धूमधाम, भक्ति और उल्लास के वातावरण में मनाया गया। पानी दरवाजा स्थित श्री गोपीनाथ मंदिर को इस मौके पर खाटू नगरी की भांति सजाया गया, जहाँ फूलों, झालरों और रंगीन रोशनी से सजा वातावरण भक्तिमय आभा बिखेरता नजर आया।
मंदिर में श्याम बाबा का विशेष फूल बंगला श्रृंगार किया गया, जिसमें गुलाब, गेंदा, ऑर्किड और रजनीगंधा के फूलों से सजी भव्य सजावट ने भक्तों को मंत्रमुग्ध कर दिया। बाबा की मूर्ति को स्वर्णाभूषणों और रेशमी वस्त्रों से अलंकृत किया गया, जिससे मंदिर परिसर में दिव्यता और भक्ति का अद्भुत संगम दिखाई दिया।

भोर से ही श्रद्धालुओं की भीड़ श्याम बाबा के दर्शन के लिए उमड़ पड़ी। पूरा मंदिर परिसर “हारे के सहारे श्याम हमारे” और “जय श्री श्याम” के जयकारों से गूंज उठा। भक्तों ने दिनभर आरती, भजन और कीर्तन में भाग लेकर अपने परिवार की सुख-समृद्धि और कल्याण की कामना की।
जन्मोत्सव पर बाबा को 56 भोग का विशेष प्रसाद अर्पित किया गया, जिसमें तरह-तरह की मिठाइयाँ, फल, सूखे मेवे और पारंपरिक व्यंजन शामिल थे। कार्यक्रम के उपरांत महाप्रसाद का वितरण किया गया, जिसमें हजारों भक्तों ने श्रद्धापूर्वक भाग लिया।

शाम के समय महाआरती और भजन संध्या का आयोजन हुआ, जिसमें स्थानीय भजन मंडलियों और श्याम भक्तों ने “श्याम तेरे लाखों दीवाने” और “श्याम नाम रस बरसे” जैसे भजनों की प्रस्तुति देकर वातावरण को भक्ति रस से सराबोर कर दिया। श्रद्धालु झूमते-नाचते नजर आए और मंदिर प्रांगण “श्याम भक्ति” में रंग गया।
गोपीनाथ मंदिर परिसर में अनुशासन और श्रद्धा का अद्भुत मेल देखने को मिला। श्रद्धालुओं ने कहा कि यह पर्व समाज में प्रेम, सद्भाव और भक्ति का प्रतीक है, जो लोगों को एकता और आध्यात्मिकता के सूत्र में बांधता है।



