पाली : भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती पर जगमगाए 34 चौराहे, 67 ग्राम पंचायतों में जन-सुनवाई

पाली : भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती के उपलक्ष्य में भारत सरकार के जनजातीय कार्य मंत्रालय के निर्देशानुसार एक नवंबर से 15 नवंबर तक चल रहा ‘जनजातीय गौरव दिवस 2025’ उत्सव पाली जिले में जोर-शोर से मनाया जा रहा है। गुरुवार को जिले के 10 नगरीय निकायों में 34 चौराहों, 35 सरकारी भवनों और 3 पार्कों को आकर्षक रोशनी से सजाया गया, जिससे शहर उत्सव माहौल में निखर उठा।

जिला परिषद सीईओ मुकेश चौधरी ने बताया कि पाली जिले की जनजातीय बाहुल्य 67 ग्राम पंचायतों में स्थापित आदि सेवा केन्द्रों पर पहली बार जन-सुनवाई आयोजित की गई। इसके साथ सभी ग्राम पंचायतों में विशेष ग्राम सभाएँ भी हुईं, जिनमें जनजातीय समुदाय की समस्याओं व शिकायतों को सुनकर उनका मौके पर ही समाधान करने का प्रयास किया गया।

ग्राम सभाओं में बिरसा मुंडा के योगदान, आदिवासी परंपराओं और सामाजिक जागरूकता पर विस्तृत चर्चा की गई। अधिकारियों ने कहा कि बिरसा मुंडा के आदर्श—त्याग, संघर्ष और समाज सेवा—युवाओं के लिए प्रेरणा हैं, और इन्हें अपनाकर समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाया जा सकता है।

पखवाड़े के दौरान PM-JANMAN, DAJGUA, PMAY-G, NRLM, स्वास्थ्य बीमा योजनाएं, लाभार्थी संतृप्ति शिविर, पंजीकरण–सत्यापन और लाभ वितरण जैसे कई कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में शिकायत निस्तारण दिवस भी आयोजित किए जा रहे हैं, जिनमें आवास, जीविकोपार्जन, स्वास्थ्य, कल्याण और पात्रता से जुड़े मामलों का मौके पर निपटारा किया जा रहा है।
स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से स्वास्थ्य परीक्षण, एनीमिया जांच, टीकाकरण, पोषण जागरूकता जैसी गतिविधियाँ भी लगातार जारी हैं। इसके साथ ही जनजातीय क्षेत्रों में कृषि उपकरण वितरण, सहायता सामग्री वितरण, डिजिटल साक्षरता कार्यक्रम और परंपरागत कला, लोकगीत-नृत्य के सांस्कृतिक आयोजन भी आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं।

अधिकारियों के अनुसार यह संपूर्ण पखवाड़ा Viksit Bharat 2047 एवं Village Vision 2030 के लक्ष्यों से जुड़ा है, जिसका उद्देश्य जनजातीय क्षेत्रों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ना और स्थानीय समुदाय तक योजनाओं की पहुंच सुनिश्चित करना है।



