बाल विवाह मुक्त पाली की दिशा में बड़ा कदम, जुम्मा पर मस्जिद में चला जागरूकता अभियान

पाली : जिला बाल संरक्षण इकाई एवं बाल अधिकारिता विभाग के तत्वावधान में संचालित 100 दिवसीय ‘बाल विवाह मुक्त भारत अभियान’ के तहत पाली जिले में जनभागीदारी के साथ लगातार जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। अभियान के द्वितीय चरण के अंतर्गत शुक्रवार को जुम्मा के अवसर पर महाराणा प्रताप चौराहा स्थित अहमद रज़्ज़ा मस्जिद में विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
सहायक निदेशक डॉ. टीना अरोड़ा ने बताया कि धर्मनिरपेक्ष राष्ट्र की भावना के अनुरूप सभी धर्मों के अनुयायियों को बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीति के विरुद्ध जागरूक किया जा रहा है। कार्यक्रम के दौरान मस्जिद में उपस्थित नागरिकों ने सक्रिय सहभागिता निभाई।
नमाज के उपरांत मौलाना कमायूद्दीन की उपस्थिति में चाइल्ड हेल्पलाइन यूनिट, पाली के प्रोजेक्ट को-ऑर्डिनेटर योगेन्द्र सिंह राठौड़, सुपरवाइज़र विनय कुमार एवं प्रिंस सैन, तथा केस वर्कर दर्शन सामरिया द्वारा लगभग 20 नागरिकों को बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, बाल श्रम निषेध अधिनियम एवं पॉक्सो अधिनियम की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
इस अवसर पर उपस्थित नागरिकों को बाल विवाह रोकथाम की शपथ दिलाई गई। वहीं मौलाना कमायूद्दीन ने आश्वासन दिया कि मस्जिद कमेटी के माध्यम से समाज में महिलाओं एवं बच्चों को बाल विवाह के दुष्परिणामों से अवगत कराने एवं रोकथाम के लिए निरंतर प्रयास किए जाएंगे।
अभियान के तहत जिला प्रशासन एवं बाल अधिकारिता विभाग द्वारा विभिन्न सामाजिक एवं धार्मिक मंचों से आमजन को जोड़कर बाल विवाह मुक्त समाज की दिशा में ठोस पहल की जा रही है।



