पाली के विकास को मिलेगी नई रफ्तार, 73 करोड़ की आरयूआईडीपी परियोजनाओं पर मंथन, सीवरेज, ड्रेनेज और स्मार्ट सिटी सुविधाओं पर फोकस

पाली : शहर में आधुनिक शहरी आधारभूत सुविधाओं के विकास की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए राजस्थान नगरीय आधारभूत विकास परियोजना (आरयूआईडीपी) के पंचम चरण के तहत करीब 73.17 करोड़ रुपये के विकास कार्य प्रस्तावित किए गए हैं। इन योजनाओं को लेकर गुरुवार को जिला कलक्ट्रेट सभागार में आयोजित ‘आरयूआईडीपी संवाद’ कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, मीडिया प्रतिनिधियों, प्रबुद्ध नागरिकों और विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भाग लेकर शहर के विकास से जुड़े प्रस्तावों पर विस्तृत चर्चा की और महत्वपूर्ण सुझाव दिए।
बैठक में अधिकारियों ने बताया कि प्रस्तावित परियोजनाओं के तहत पाली शहर में अपशिष्ट जल प्रबंधन, बाढ़ नियंत्रण, आधुनिक ड्रेनेज सिस्टम, कमांड एंड कंट्रोल सेंटर तथा विरासत संरक्षण एवं पर्यटन विकास जैसे महत्वपूर्ण कार्य किए जाएंगे। इन परियोजनाओं का उद्देश्य शहर को आधुनिक, सुरक्षित और पर्यावरण अनुकूल बनाना है।

परियोजना के तहत एशियन डेवलपमेंट बैंक (ADB) के वित्तीय सहयोग से 44.89 करोड़ रुपये की लागत से अपशिष्ट जल प्रबंधन और शोधित जल के पुनः उपयोग की व्यवस्था विकसित की जाएगी। इससे शहर में सीवरेज व्यवस्था मजबूत होगी और जल संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा।
बरसात के दौरान जलभराव की समस्या से राहत दिलाने के लिए 11.78 करोड़ रुपये की लागत से बाढ़ प्रबंधन एवं ड्रेनेज सुधार कार्य प्रस्तावित किए गए हैं। इसके अलावा 16.50 करोड़ रुपये से अत्याधुनिक कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (CCC) विकसित किया जाएगा तथा विरासत संरक्षण और पर्यटन विकास से जुड़े कार्य भी किए जाएंगे।
अधिकारियों ने बताया कि राज्य सरकार की बजट घोषणा 2025-26 के तहत आरयूआईडीपी का पंचम चरण प्रक्रियाधीन है। इसके अंतर्गत राजस्थान के 84 शहरों में लगभग 9500 करोड़ रुपये की लागत से स्मार्ट एवं सतत शहरी विकास कार्य किए जाएंगे। इन परियोजनाओं को एशियन डेवलपमेंट बैंक की राजस्थान अर्बन लिवेबिलिटी इम्प्रूवमेंट प्रोजेक्ट (RULIP) तथा विश्व बैंक की सस्टेनेबल अर्बन ट्रांसफॉर्मेशन ऑफ राजस्थान एक्सेलरेटेड (SUTRA) परियोजनाओं के माध्यम से लागू किया जाएगा।

संवाद कार्यक्रम में उपस्थित जनप्रतिनिधियों, पूर्व पार्षदों, सामाजिक संगठनों और नागरिकों ने शहर की आवश्यकताओं के अनुरूप कई सुझाव दिए। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि प्राप्त सुझावों का तकनीकी परीक्षण कर उन्हें परियोजना में शामिल करने का प्रयास किया जाएगा, ताकि योजनाएं स्थानीय जरूरतों के अनुरूप प्रभावी साबित हों।
अधिकारियों ने कहा कि आरयूआईडीपी का उद्देश्य पाली सहित प्रदेश के शहरों को बेहतर आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराकर ‘विकसित भारत-2047’ और ‘विकसित राजस्थान-2047’ के विजन को साकार करना है। इसके माध्यम से शहरों में स्वच्छता, यातायात, जल निकासी, पर्यावरण संरक्षण और पर्यटन विकास को नई दिशा मिलेगी।
कार्यक्रम में पाली विधायक भीमराज भाटी, पूर्व सभापति महेंद्र बोहरा, पूर्व उपसभापति मूलसिंह भाटी, ललित प्रितमानी, रामकिशोर साबू, त्रिलोक चौधरी, अतिरिक्त जिला कलक्टर डॉ. बजरंग सिंह, उपखंड अधिकारी विमलेन्द्र राणावत, विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी, जनप्रतिनिधि तथा मीडिया प्रतिनिधि उपस्थित रहे।




