पाली में टीबी मुक्त भारत अभियान की समीक्षा, कमजोर प्रदर्शन पर सख्ती, हाई-रिस्क गांवों में 100 एक्स-रे का लक्ष्य

पाली : जिला मुख्यालय स्थित स्वास्थ्य भवन पाली में बुधवार को टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता सीएमएचओ डॉ. विकास मारवाल ने की, जिसमें 100 दिवसीय अभियान के अंतर्गत विभिन्न इंडिकेटर्स की प्रगति का गहन मूल्यांकन किया गया।
समीक्षा के दौरान सीएमएचओ डॉ. मारवाल ने कमजोर प्रदर्शन करने वाली टीबी यूनिट्स को सख्त निर्देश देते हुए तीन दिनों के भीतर निक्षय सॉफ्टवेयर पर सभी लंबित एंट्री पूर्ण करने को कहा।
डिप्टी सीएमएचओ डॉ. वेदांत गर्ग ने हाई-रिस्क गांवों की पूरी आबादी की स्क्रीनिंग कर निक्षय आईडी बनाने तथा हैंडहेल्ड एक्स-रे मशीन के माध्यम से जांच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि प्रत्येक हाई-रिस्क गांव में कम से कम 100 एक्स-रे करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।

जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. उजमा जबीन ने लक्षणयुक्त व्यक्तियों की पहचान कर उनके नाट टेस्ट कराने, निक्षय मित्र बनाकर टीबी मरीजों को फूड बास्केट उपलब्ध कराने तथा टीपीटी और डिफरेंशिएटेड टीबी की एंट्री समय पर पोर्टल पर करने के निर्देश दिए।
उन्होंने सभी पात्र मरीजों को निक्षय पोषण योजना का लाभ दिलाने के लिए फेस ऑथेंटिकेशन और बैंक अकाउंट सीडिंग की प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण करने पर भी जोर दिया। बैठक में वियंग शर्मा, राजीव गहलोत, कुलदीप शर्मा, सालीक अख्तर सहित जिले की सभी टीबी यूनिट्स के एसटीएस एवं एसटीएलएस मौजूद रहे।
प्रशासन ने स्पष्ट किया कि टीबी उन्मूलन को लेकर किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और तय समय में लक्ष्य प्राप्त करना प्राथमिकता है।



