राजस्थान प्रदेश राजपुरोहित महासभा की नई कार्यकारिणी घोषित, प्रदेशभर से प्रतिनिधियों को मिला स्थान

पाली : राजपुरोहित समाज के सबसे बड़े संगठन राजस्थान प्रदेश राजपुरोहित महासभा की नई प्रदेश कार्यकारिणी की घोषणा कर दी गई है। प्रदेश अध्यक्ष जबर सिंह राजपुरोहित ने संगठन को मजबूत और व्यापक प्रतिनिधित्व देने के उद्देश्य से बड़े स्तर पर पदाधिकारियों की नियुक्ति की है।
घोषित कार्यकारिणी में 6 संरक्षक, 12 उपाध्यक्ष, 14 महामंत्री, 4 प्रवक्ता, 15 संगठन मंत्री और 40 कार्यसमिति सदस्यों को शामिल किया गया है। प्रदेश अध्यक्ष ने बताया कि इस नई टीम में प्रदेश के अधिकांश जिलों से प्रतिनिधियों को स्थान देकर संगठन को और अधिक सशक्त बनाया गया है।
संरक्षक मंडल में दिव्य संत श्री खेताराम जी महाराज के परिवार से पुंजराज सिंह भोमा जी सराना, वरिष्ठ अधिवक्ता हरिशंकर सांथू, पूर्व विधायक भंवरलाल बोरावड़ (मकराना) को मुख्य संरक्षक बनाया गया है। वहीं लाल कंवर को महिला मुख्य संरक्षक और धनराज सिंह भोमाजी व चंद्र सिंह हड़मान सराना को संरक्षक नियुक्त किया गया है।
उपाध्यक्ष पद पर अंबालाल अलबेला (बाड़मेर) को वरिष्ठ उपाध्यक्ष सहित विभिन्न जिलों से कई प्रमुख समाजसेवियों और कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं महामंत्री, प्रवक्ता और संगठन मंत्री पदों पर भी अनुभवी और सक्रिय कार्यकर्ताओं को शामिल किया गया है।
प्रदेश अध्यक्ष जबर सिंह राजपुरोहित ने कहा कि नई कार्यकारिणी का गठन समाज में एकता, संगठन और विकास को गति देने के उद्देश्य से किया गया है। उन्होंने उम्मीद जताई कि सभी पदाधिकारी अपने दायित्वों का निर्वहन करते हुए समाज को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
नई कार्यकारिणी में बड़ी संख्या में युवाओं और अनुभवी सदस्यों को शामिल कर संगठन ने संतुलित नेतृत्व का संदेश दिया है, जिससे समाज में सकारात्मक ऊर्जा और सहभागिता बढ़ने की उम्मीद है।



