पाली में जल संरक्षण की अनूठी पहल, नन्हे बच्चों ने मां दुर्गा का स्वरूप धारण कर दिया पानी बचाने का संदेश

पाली : राजस्थान में लगातार बढ़ती जल संकट की चुनौती और भविष्य में पानी की कमी से होने वाली समस्याओं के प्रति आमजन को जागरूक करने के उद्देश्य से शनिवार को पाली के कृष्णा स्कूल की ओर से जल संरक्षण जागरूकता रैली निकाली गई। रैली में विद्यार्थियों ने नारों और गीतों के माध्यम से लोगों को पानी की हर बूंद बचाने का संदेश दिया। इस दौरान नवरात्रि के पावन पर्व को ध्यान में रखते हुए विद्यालय के नन्हे बालकों ने मां दुर्गा का स्वरूप धारण कर जल संरक्षण के प्रति जागरूकता फैलाने का अनूठा प्रयास किया।
रैली का शुभारंभ जयशंकर त्रिवेदी ने किया। उन्होंने विद्यार्थियों को जल की कमी से बचाव के उपायों की जानकारी देते हुए कहा कि भविष्य में पानी की कमी से उत्पन्न होने वाली चुनौतियों के प्रति अभी से सतर्क रहना जरूरी है। जल संरक्षण के लिए प्रत्येक व्यक्ति को अपनी जिम्मेदारी समझते हुए पानी का सदुपयोग करना चाहिए।
विद्यालय की ओर से निकाली गई यह रैली भटवाड़ा बास से शुरू हुई। इसके बाद रैली पिंजारों का बास, भैरूघाट, भलावतो का बास, कुमारों का बास, बिजली घर, धौला चौतरा और सोमनाथ मंदिर होते हुए वापस कृष्णा स्कूल पहुंची।
रैली के दौरान विद्यार्थियों ने जल संरक्षण से जुड़े नारों और गीतों के माध्यम से आमजन का ध्यान पानी की बढ़ती जरूरत और उसके सीमित संसाधनों की ओर आकर्षित किया। विद्यार्थियों ने लोगों से अपील की कि वे पानी की बर्बादी रोकें और दैनिक जीवन में जल बचाने की आदत अपनाएं।

कार्यक्रम में आकर्षण का केंद्र विद्यालय के छोटे-छोटे बालक रहे, जिन्होंने नवरात्रि के पावन अवसर पर मां दुर्गा का स्वरूप धारण किया। विद्यालय में सीमा त्रिवेदी के नेतृत्व में बच्चों ने अपने अनूठे रूप के माध्यम से जल संरक्षण का संदेश दिया।
नन्हे बालकों की इस प्रस्तुति के जरिए लोगों को यह समझाने का प्रयास किया गया कि जल जीवन का आधार है और इसकी रक्षा करना सभी का कर्तव्य है। धार्मिक पर्व के साथ सामाजिक सरोकार को जोड़ते हुए विद्यालय ने बच्चों के माध्यम से पर्यावरण और जल संरक्षण के प्रति जागरूकता फैलाने की पहल की।
विद्यालय प्रबंधन के अनुसार, इस जागरूकता अभियान का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में जल संरक्षण के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करना और समाज को पानी बचाने के लिए प्रेरित करना है। बचपन से ही बच्चों को जल का महत्व समझाने से वे अपने घर और आसपास के लोगों को भी पानी बचाने के लिए जागरूक कर सकते हैं।
कार्यक्रम में जयेश शर्मा, संजय शर्मा, किशन लाल, नरेंद्र, नवीन, मनोज परिहार, राधिका, हिमानी, आकांक्षा, अवनि, लक्षिता, नवोदिता, तेजस्विनी, मीनू चौहान, वैशाली शर्मा और शिल्पा सहित अन्य ने सहभागिता निभाई।
रैली के माध्यम से विद्यार्थियों ने आमजन को संदेश दिया कि जल संरक्षण केवल किसी एक व्यक्ति या संस्था की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि पूरे समाज का सामूहिक दायित्व है। पानी का अनावश्यक उपयोग रोककर, जरूरत के अनुसार पानी खर्च करके और जल स्रोतों के संरक्षण के प्रति जागरूक रहकर भविष्य की पीढ़ियों के लिए जल उपलब्धता सुनिश्चित करने में योगदान दिया जा सकता है।



