जान जोखिम में डाल बचाई जिंदगियां, ‘कॉफी विद कलेक्टर’ में अग्निशमन टीम और बहादुर नागरिकों का सम्मान
गोदावास और सुमेरपुर रोड आग हादसे में साहस दिखाने वालों को कलेक्टर ने किया सम्मानित, बोले—ये हैं समाज के असली हीरो

पाली : जिला कलक्टर की अभिनव पहल ‘कॉफी विद कलेक्टर’ के तहत मंगलवार को कलेक्ट्रेट में एक प्रेरणादायक आयोजन हुआ, जहां आगजनी की घटनाओं में अपनी जान जोखिम में डालकर लोगों की जान-माल की रक्षा करने वाले अग्निशमन कर्मियों और नागरिकों को सम्मानित किया गया।
जिला कलक्टर ने नगर निगम आयुक्त नवीन भारद्वाज के साथ गोदावास गांव और सुमेरपुर रोड स्थित टेंट हाउस में आग की घटनाओं के दौरान साहस और तत्परता दिखाने वाले अग्निशमन दल व स्थानीय नागरिकों से मुलाकात की। इस अवसर पर उन्हें ‘प्रगतिशील पाली’ का मोमेंटो भेंट कर सम्मानित किया गया।
कलेक्टर ने कहा कि विपरीत परिस्थितियों में इन लोगों ने जिस बहादुरी और कर्तव्यनिष्ठा का परिचय दिया, वह समाज के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने कहा कि ऐसे कार्य मिसाल कायम करते हैं और दूसरों को भी मानवता के लिए आगे आने का संदेश देते हैं।

इस दौरान मुकेश बिश्नोई, ओमप्रकाश सैन, पटवारी रविन्द्र विश्नोई, अग्निशमन अधिकारी खुशाल मीणा, सहायक अग्निशमन अधिकारी रामलाल गहलोत सहित फायरमैन सुरेन्द्र चौटिला, अशोक, कमलेश, तरुण वैष्णव, विशाल दहिया और कमल किशोर को सम्मानित किया गया।
गौरतलब है कि मारवाड़ जंक्शन क्षेत्र के गोदावास में आग लगने की घटना के दौरान फायर ब्रिगेड पहुंचने से पहले ही स्थानीय लोगों ने अदम्य साहस दिखाते हुए 6 भरे हुए गैस सिलेंडर बाहर निकाले और 20-25 बकरियों के बच्चों को सुरक्षित बचाया। साथ ही घरों में फंसे लोगों और सामान को भी सुरक्षित बाहर निकाला। बाद में अग्निशमन दल और ग्रामीणों ने करीब 5 घंटे की कड़ी मशक्कत और 10 फेरों के जरिए आग पर काबू पाया।

वहीं सुमेरपुर रोड स्थित मामाजी टेंट हाउस में आग लगने की सूचना पर संविदा फायरमैन सुरेन्द्र चौटिला ने तुरंत मौके पर पहुंचकर 3 गैस सिलेंडरों को बाहर निकालकर संभावित बड़े हादसे को टाल दिया। यह आयोजन न केवल बहादुरी का सम्मान था, बल्कि समाज में सेवा और समर्पण की भावना को प्रोत्साहित करने का एक प्रेरक प्रयास भी साबित हुआ।



